मेरा आपकी दया से, सब काम हो रहा है-2
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है-2
मेरा आपकी दया से, सब काम हो रहा है-2
पतवार के बिना ही, मेरी नाव चल रही है,
(औरो को जो भी मिला, अपने मुकददर से मिला है।मुझे तो मेरा मुकद्दर भी, तेरे दर से मिला है) इसलिए -
पतवार के बिना ही, मेरी नाव चल रही है।
हैरान है जमाना, मंजिल भी मिल रही है।
करता नही मै कुछ भी, सब काम हो रहा है-2
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है-2
मेरा आपकी दया से, सब काम हो रहा है-2
तुम साथ जो मेरे, किस चीज की कमी है,
(गम मेरे साथ बड़ी दूर तक गये,
जब पायी न मुझमे थकान तो वै खुद थक गये)
तुम साथ हो जो मेरे, किस चीज की कमी है
किसी और चीज की अब, दरकार भी नही है।
तेरे साथ से गुलाम अब, गुलफाम हो रहा है।
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है-2
मै तो नही हूँ काबिल, तेरा पार कैसे पाउं।
टूटी हुयी वाणी से, गुणगान कैसे गाऊं।
करता नही मै कुछ भी, सब काम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से...
(श्री विनोद अग्रवाल)
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है-2
मेरा आपकी दया से, सब काम हो रहा है-2
पतवार के बिना ही, मेरी नाव चल रही है,
(औरो को जो भी मिला, अपने मुकददर से मिला है।मुझे तो मेरा मुकद्दर भी, तेरे दर से मिला है) इसलिए -
पतवार के बिना ही, मेरी नाव चल रही है।
हैरान है जमाना, मंजिल भी मिल रही है।
करता नही मै कुछ भी, सब काम हो रहा है-2
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है-2
मेरा आपकी दया से, सब काम हो रहा है-2
तुम साथ जो मेरे, किस चीज की कमी है,
(गम मेरे साथ बड़ी दूर तक गये,
जब पायी न मुझमे थकान तो वै खुद थक गये)
तुम साथ हो जो मेरे, किस चीज की कमी है
किसी और चीज की अब, दरकार भी नही है।
तेरे साथ से गुलाम अब, गुलफाम हो रहा है।
करते हो तुम कन्हैया, मेरा नाम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से, सब काम हो रहा है-2
मै तो नही हूँ काबिल, तेरा पार कैसे पाउं।
टूटी हुयी वाणी से, गुणगान कैसे गाऊं।
करता नही मै कुछ भी, सब काम हो रहा है।
मेरा आपकी कृपा से...
(श्री विनोद अग्रवाल)
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